बलौदाबाजार,
फागूलाल रात्रे, लवन।
फागूलाल रात्रे, लवन।
विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर लोगों को तंबाकू एवं अन्य नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से वर्मा सुपर मल्टी-स्पेशियलिटी डेंटल क्लिनिक, पैथोलॉजी एवं एक्स-रे सेंटर द्वारा जनजागरूकता अभियान चलाया गया। इस दौरान नागरिकों को संदेश दिया गया कि नशा नाश की जड़ है और स्वस्थ जीवन के लिए तंबाकू तथा अन्य नशीले पदार्थों का त्याग आवश्यक है। कार्यक्रम में डॉ धीरेंद्र वर्मा दंत रोग विशेषज्ञ ने बताया कि तंबाकू का सेवन न केवल दांतों और मसूड़ों को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि यह कैंसर, हृदय रोग, फेफड़ों की गंभीर बीमारियों तथा अन्य कई जानलेवा समस्याओं का कारण भी बनता है। विशेषज्ञों ने कहा कि गुटखा, खैनी, बीड़ी, सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पाद धीरे-धीरे शरीर को खोखला कर देते हैं और व्यक्ति की कार्यक्षमता को प्रभावित करते हैं। डॉक्टर वर्मा ने कहा कि तंबाकू छोड़ने का सबसे बड़ा लाभ यह है कि व्यक्ति के दांत स्वस्थ रहते हैं, सांस की दुर्गंध दूर होती है और आत्मविश्वास में वृद्धि होती है। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि अपने परिवार और आने वाली पीढ़ी के बेहतर भविष्य के लिए नशे से दूरी बनाएं तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं। अभियान के दौरान लोगों को तंबाकू सेवन से होने वाले दुष्प्रभावों की जानकारी दी गई तथा यह समझाया गया कि नशे की लत व्यक्ति के स्वास्थ्य, आर्थिक स्थिति और सामाजिक जीवन पर नकारात्मक प्रभाव डालती है। वक्ताओं ने कहा कि नशे की शुरुआत भले ही छोटी लगती हो, लेकिन इसका अंत अक्सर गंभीर बीमारियों और पारिवारिक समस्याओं के रूप में सामने आता है। इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने तंबाकू और अन्य नशीले पदार्थों से दूर रहने का संकल्प लिया। आयोजकों ने कहा कि समाज को नशामुक्त बनाने के लिए जनभागीदारी आवश्यक है और प्रत्येक व्यक्ति को इस दिशा में अपनी जिम्मेदारी निभानी चाहिए। कार्यक्रम के अंत में संदेश दिया गया कि स्वास्थ्य चुनें, तंबाकू नहीं तथा अपने जीवन को खुशहाल, स्वस्थ और सुरक्षित बनाने के लिए आज ही नशे की आदतों को त्यागें। विश्व तंबाकू निषेध दिवस का उद्देश्य केवल एक दिन जागरूकता फैलाना नहीं, बल्कि लोगों को स्थायी रूप से नशामुक्त करना है।










